राजनाथ फार्मूला… किसानों से कहा- नया कृषि कानून 1-2 सालू लागू करके देख लिया जाए, फिर संशोधन को हम तैयार

नई दिल्ली . ऑनलाइन टीम : रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने किसान आंदोलन को खत्म करने की अपील के साथ ही बीच का रास्ता सुझाया है। सिंह ने कहा, ”अभी एक या दो साल के लिए कृषि कानूनों को लागू करने दिया जाए। इसे प्रयोग के तौर पर देखते हैं और यदि ये किसानों के लिए लाभकारी नहीं लगते तो सरकार हरसंभव संशोधन को तैयार रहेगी। उन्होंने आश्वासन दिया कि मोदी सरकार ‘कभी ऐसा कुछ नहीं करेगी, जो किसानों के हित में नहीं हो।’

उन्होंने कहा कि हर समस्या का समाधान बातचीत से निकल सकता है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसानों से बातचीत जारी रखने के पक्ष में हैं, इसलिए सरकार ने उन्हें न्योता भेजा है। सिंह ने सभी आंदोलनकारी किसानों से कृषि कानूनों पर बातचीत के लिए आगे आने की अपील की। आंदोलनकारी किसानों को अपने ही लोग बताते हुए सिंह ने कहा, ”धरने पर बैठे लोग किसान हैं और किसान परिवारों में जन्मे हैं। हम उनके प्रति बहुत सम्मान रखते हैं।”

बता दें कि  कृषि कानूनों के विरोध में किसान दिल्ली बॉर्डर पर लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। केंद्र सरकार और किसानों के बीच गतिरोध बना हुआ है। प्रदर्शनकारी किसानों का कहना है कि जब तक केंद्र सरकार तीनों कानूनों को रद्द नहीं करेगी वो अपना आंदोलन समाप्त नहीं करेंगे। किसानों को प्रदर्शन लगातार तेज हो रहा है। कई राजनीतिक संगठन भी किसानों के समर्थन में उतर आए हैं। दूसरी तरफ केंद्र सरकार का कहना है कि नए कानून किसानों के हित में है, लोग उन्हें गुमराह कर रहे हैं।

किसानों को डर है कि नए कानून कृषि उत्पादन बाजारों में बड़े कॉर्पोरेट समूहों की शुरूआत करेंगे। यह एकाधिकार बना सकता है, जिससे उन्हें किसानों को नुकसान पहुंच सकता है। इसके साथ ही किसानों को निम्न स्तर पर कीमतें तय करने की अनुमति भी रद्द हो सकती है। सरकार ने अब कहा है कि नया केंद्रीय कानून – किसान उत्पाद व्यापार और वाणिज्य (संवर्धन और सुविधा) अधिनियम, 2020 – किसानों को अपनी उपज को आकर्षक कीमतों पर बेचने के लिए सक्षम करेगा। नया कानून अंतर-राज्य व्यापार में बाधाओं को भी दूर करेगा, जिससे यूपी के किसानों को ई-ट्रेडिंग ढांचे के माध्यम से गुजरात में खरीदारों और व्यापारियों को बेचने की अनुमति मिलेगी।

You might also like

Comments are closed.