UP, GJ और महाराष्ट्र के ‘DGP’ पद पर हैं ‘बिहारी’ बाबू, सबने माना ‘लोहा’

मुंबई : समाचार ऑनलाइन – बिहार की प्रतिभा किसी से छुपी नहीं है। जहां से देश को कई आईएएस,आईपीएस, डॉक्टर, इंजिनियर, एक्टर ऐसे कई हस्तियां मिल चुके है। यहां गलियारों से लेकर चाय की टपरी तक देश की वर्तमान स्थिति और राजनीति की चर्चा की जाती है। आज हम आपको कुछ ऐसे ही बिहारियों के बारे में बताने जा रहे हैं। जिनके पास कई राज्यों के कानून व्यवस्था है। उत्तर प्रदेश, गुजरात, महाराष्ट्र हो या आंध्र प्रदेश सभी बिहारी अधिकारी DGP पद पर है। गुजरात के डीजीपी पद पर शिवानंद झा बने हुए है। वैसे ही यूपी से ओपी सिंह, आंध्र प्रदेश से आरपी ठाकुर और सुबोध जायसवाल को मुम्बई का नया डीजीपी बनाया गया है।

उत्तर प्रदेश के डीजीपी ओपी सिंह – ओपी सिंह बिहार के गया के मूल निवासी है। उन्होंने बचपन में काफी संघर्ष का सामना किया। उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाने में उनकी मां का बहुत योगदान रहा है। ओपी सिंह की मां ने लगभग 10 साल तक खेती की जिससे कि उनका बेटा पढ़ लिख सके। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ओपी सिंह की शुरूआती पढ़ाई गया में ही हुई। इसके बाद रांची के संत जेवियर इंटर कॉलेज से आगे की शिक्षा ग्रहण की। इसी दौरान उनके पिता की मौत ने परिवार को हिलाकर रख दिया। उस समय उनके पिता के खाते में सिर्फ 600 रुपये थे। अब किसी को समझ नहीं आ रहा था कि परिवार का पालन पोषण कैसे होगा। लेकिन उनकी मां ने ये जिम्मेदारी उठाई और घर से बाहर कदम न रखने वाली मां ने खेती कराने का काम शुरू किया। फिर कुछ पैसे आने शुरू हुए तो घर की हालत थोड़ी ठीक हुई।

इसी दौरान ओपी सिंह स्नातक करने के लिए इलाहाबाद चले गये। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के सर सुंदर लाल छात्रावास में रहे। इसके बाद उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से एमए में गोल्ड मेडल हासिलकर लिया और वो यहां पढ़ाने लगे। इसके बाद उनका 1983 बैच से आईपीएस अफसर के लिए चुनाव हो गया। बाद में वह डीजीपी बने।

गुजरात के डीजीपी शिवानंद झा – मधुबनी जिले के बाबूबरही थाना क्षेत्र के मौआही गांव के ल शिवानंद झा गुजरात के डीजीपी पद पर पदस्थापित हुए हैं। जीपी शिवानंद झा के चाचा स्वतंत्रता सेनानी जगदीश झा के अनुसार, झा के पिता स्व. वैद्यनाथ झा बिहार सचिवालय में फिनान्स विभाग के बजट आफिसर पद से रिटायर किए थे। इनकी पत्नी वैदेही कुशल गृहणी है। गांव के सभ्यता, संस्कार से इनका शुरू से ही नाता रहा है। पटना के पाटलिपुत्रा में इनका पैतृक घर है।

प्रारंभिक शिक्षा-दीक्षा पटना में हुई। वर्ष 1982 में एलाईड सेवा में इनका चयन हुआ। इनकम टैक्स आफिसर पद पर ज्वाइन भी किए। वर्ष 1983 में आइपीएस में चयन हुआ। गुजरात कैडर में गए। इनके छोटे भाई देवानंद झा व देवानंद झा की पत्नी जया झा फिलहाल श्रीलंका में चिकित्सक है। गांव में इनका पैतृक संपति है। झा के चाचा रामनारायण झा कोलकाता यूनिवर्सिटी से लॉ की पढाई किए थे।

मुंबई के डीजीपी सुबोध जायसवाल – बिहार के निवासी सुबोध जायसवाद को मुम्बई का नया डीजीपी बनाया गया है। देश की आर्थिक राजधानी मुंबई की पुलिस को आज अपना नया बॉस मिल गया। 1985 बैच के आईपीएस अधिकारी सुबोध जायसवाल मुंबई पुलिस के नए कमिश्नर होंगे। सुबोध जायसवाल मौजूदा पुलिस कमिश्नर दत्ता पडसलगीकर की जगह लेंगे। दत्ता पडसलगीकर का प्रमोशन महाराष्ट्र के डीजीपी पद पर हो गया है।

सुबोध जायसवाल ने चार्ज संभाल लिया है। जायसवाल पहले भी मुंबई में अतिरिक्त पुलिस आयुक्त की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। इसके साथ ही उन्हें रिसर्च एंड एनालिसिस विंग में काम करने का भी अनुभव है। जायसवाल तेलगी स्टांप घोटाले और मालेगांव ब्लास्ट मामलों की जांच से भी जुड़े रहे हैं। सुबोध जायसवाल मुंबई के 41 वें पुलिस कमिश्नर होंगे।

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