भारतीयों को कभी भी कमतर नहीं आंकना : लैंगर

ब्रिस्बेन, 20 जनवरी (आईएएनएस)। भारत के हाथों टेस्ट सीरीज हारने के बाद आस्ट्रेलिया क्रिकेट टीम के मुख्य कोच जस्टिन लैंगर ने कहा है कि भारतीयों को कभी भी कमतर करके नहीं आंकना चाहिए।

भारत ने गाबा में खेले गए चौथे टेस्ट मैच में आस्ट्रेलिया को तीन विकेट से हरा दिया और चार मैचों की टेस्ट सीरीज 2-1 से अपने नाम करते हुए आस्ट्रेलिया में लगातार दूसरी बार टेस्ट सीरीज जीती।

भारत की यह जीत उसके अधिकतर मुख्य खिलाड़ियों के बिना आई। कप्तान विराट कोहली पहले टेस्ट मैच के बाद अपने पहले बच्चे के जन्म के लिए स्वदेश लौट गए थे। ईशांत शर्मा चोटिल होने के कारण दौरे पर नहीं थे। मोहम्मद शमी बीच दौरे में चोटिल हो गए। यही हाल उमेश यादव, रवींद्र जडेजा, रविचंद्रन अश्विन, हनुमा विहारी का था जो चोटिल हो गए।

इसके अलावा भारत को पहले टेस्ट मैच में शर्मनाक हार का सामना करना पड़ा था, क्योंकि टीम दूसरी पारी में 36 रनों पर ही ऑलआउट हो गई थी जो उसका टेस्ट की एक पारी में सबसे कम स्कोर है।

लैंगर ने चैनल सेवन से कहा, बेहतरीन टेस्ट सीरीज थी। अंत में एक हारता है तो एक जीतता है। आज टेस्ट क्रिकेट जीता। हमें यह हार लंबे समय तक चुभेगी। इस जीत का श्रेय पूरी तरह से भारत को जाता है। हमने इससे सबक सीखा है।

उन्होंने कहा, पहली बात, कभी किसी चीज को हल्के में नहीं लेना और दूसरा यह कि भारतीयों को कभी कमतर नहीं आंकना। भारत की आबादी लगभग डेढ़ अरब है और अगर आप उसकी प्लेइंग इलेवन में हैं तो वाकई काफी उम्दा और मजबूत खिलाड़ी होंगे।

लैंगर ने आगे कहा कि एडिलेड में 36 रन पर ढेर होने के बाद भारत ने जिस तरह से वापसी की, वह शानदार थी। उन्होंने कहा कि जसप्रीत बुमराह और रवींद्र जडेजा जैसे बड़े खिलाड़ियों के चोटिल होने के बावजूद ऐसी जीत बहुत बड़ी उपलब्धि है।

आस्ट्रेलियाई कोच ने कहा, भारतीय टीम की जितनी तारीफ की जाए, कम है। पहले मैच में तीन दिन में हारने के बाद भी उन्होंने हौसला नहीं छोड़ा और बेहतरीन वापसी की। हमें बड़ा सबक मिला है और अब कभी भारत को हल्के में नहीं लेंगे।

लैंगर ने मैच में नाबाद 89 रन बनाकर भारत रको जीत की मंजिल तक पहुंचाने वाले बल्लेबाज ऋषभ पंत की तारीफ करते हुए कहा, पंत की पारी एक शानदार पारी थी। उनकी पारी देखकर मुझे हेडिंग्ले में बेन स्टोक्स की पारी याद आ गई। वह बिल्कुल निडर होकर खेले। यह एक अविश्वसनीय पारी रही।

–आईएएनएस

ईजेडए/एसजीके

You might also like

Comments are closed.